चारधाम यात्रा पर 24×7 निगरानी,भ्रामक खबर के आरोप में अब तक 3 FIR दर्ज
24/7 Surveillance on Char Dham Yatra; 3 FIRs Registered So Far for Spreading Misleading News
देहरादून,23 अप्रैल 2026 : उत्तराखंड की विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा की गरिमा और राज्य की छवि को नुकसान पहुँचाने वाले तत्वों के खिलाफ धामी सरकार ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है।
सोशल मीडिया पर यात्रा को लेकर भ्रामक, तथ्यहीन और निराधार सूचनाएं प्रसारित करने वालों के विरुद्ध पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है।
इसी क्रम में जनपद रुद्रप्रयाग में दो और नई प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई हैं,
जिसके बाद ऐसे मामलों में कुल एफआईआर की संख्या तीन हो गई है।
भ्रामक दावों पर पुलिस की पैनी नजर
सोशल मीडिया मॉनीटरिंग के दौरान पुलिस को कुछ ऐसे वीडियो और रील्स मिले हैं
जिनमें केदारनाथ धाम की व्यवस्थाओं को लेकर झूठे दावे किए गए थे।
इन वीडियो में दावा किया गया कि:
श्रद्धालुओं को बिना दर्शन किए वापस लौटाया जा रहा है।
15-15 घंटे कतार में खड़े रहने के बाद भी दर्शन नहीं हो रहे हैं।
क्षेत्र में पुलिस व्यवस्था का अभाव है और भारी धक्का-मुक्की हो रही है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि वास्तविक स्थिति इसके बिल्कुल विपरीत है।
श्रद्धालुओं को पूरी तरह सुव्यवस्थित, चरणबद्ध और नियमों के अनुसार दर्शन कराए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री के सख्त निर्देश: अफवाह फैलाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को स्पष्ट और सख्त निर्देश दिए हैं कि चारधाम यात्रा से संबंधित किसी भी प्रकार का दुष्प्रचार या अफवाह फैलाने वालों के विरुद्ध तत्काल वैधानिक कार्रवाई की जाए।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स की 24×7 सतत निगरानी करने और दोषियों को कानून के दायरे में लाने के आदेश दिए हैं।
जांच के दायरे में कई सोशल मीडिया आईडी
वर्तमान में दर्ज प्रकरणों के अलावा कई अन्य संदिग्ध वीडियो और डिजिटल कंटेंट भी प्रशासन की जांच के दायरे में हैं।
संबंधित सोशल मीडिया आईडी संचालकों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
सरकार ने दोटूक शब्दों में कहा है कि श्रद्धालुओं की आस्था और उत्तराखंड की छवि के साथ खिलवाड़ किसी भी कीमत पर स्वीकार्य नहीं होगा।
भ्रामक सूचनाओं के विरुद्ध यह अभियान निरंतर और प्रभावी रूप से जारी रहेगा।






