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देहरादून युवती नृशंस हत्या :”Rare of the Rarest” में कठोरतम सजा की पैरवी करेगी पुलिस

Dehradun woman's brutal murder: Police will advocate for the harshest punishment in this "rarest of the rare" case.

Dehradun woman’s brutal murder: Police will advocate for the death penalty in this “rarest of the rare” case.

देहरादून,5 फरवरी 2026 : सूबे की राजधानी देहरादून में 2 फरवरी को दूल्हा बाजार में एक युवती की नृशंस हत्या के मामले में देहरादून पुलिस ने तत्परता से कार्रवाई की है

एसएसपी अजय सिंह के नेतृत्व में गठित Special Investigation Team (SIT) ने एक मिसाल कायम की है

क्या था मामला ?

बीती 2 फरवरी 2026 को कोतवाली नगर क्षेत्र के खुडबुडा मोहल्ले में अभियुक्त आकाश ने एक युवती की बेरहमी से हत्या कर दी थी।

घटना के बाद से ही शहर में आक्रोश था,

जिस पर पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई ने जनता के बीच विश्वास बहाल किया है।

रिकॉर्ड समय में चार्जशीट दाखिल

पुलिस ने मात्र 3 दिनों (लगभग 72 घंटे ) के रिकॉर्ड समय में विवेचना पूरी कर अभियुक्त आकाश के खिलाफ न्यायालय में चार्जशीट (आरोप पत्र) दाखिल कर दी है

एसएसपी ने स्पष्ट कहा है कि इस जघन्य कृत्य को “Rare of the Rarest” श्रेणी में रखा जाने की कोर्ट में कड़ी पैरवी की जाएगी

जिसके तहत अभियुक्त के खिलाफ कठोरतम सजा दिलाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट में पैरवी की जाएगी

SIT की गयी गठित

इस मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एसएसपी ने एसपी (सिटी) के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया था

इस टीम ने अपराध अन्वेषण के सभी पहलूओं पर गहनता से कार्य किया

जिसके तहत वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन (Scientific Evidence Collection) किये गए

इकठ्ठा किये हत्या से जूड़े अहम सबूत

इस मामले में फॉरेंसिक टीम के द्वारा घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए गये

सीसीटीवी फुटेज और अभियुक्त के रूट चार्ट को विवेचना का हिस्सा बनाया गया।

अभियुक्त के कपड़ों, जूतों, हेलमेट और हत्या में प्रयुक्त चापड़ पर मृतका के खून के निशान मिले हैं,

जिन्हें विधि विज्ञान प्रयोगशाला (Forensic Science Laboratory) भेजा गया है

पुलिस ने चार्जशीट में चश्मदीदों (Eye Witness) समेत 35 महत्वपूर्ण गवाहों को शामिल किया गया है

आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल करते हुए ई-साक्ष्य (Electronic Evidence ) के माध्यम से सभी डिजिटल सबूतों (Digital Evidence) को कानूनी रूप से पुख्ता किया गया है

फास्ट ट्रैक ट्रायल:

एसएसपी देहरादून ने बताया कि मृतका का पोस्टमार्टम विशेषज्ञों के पैनल से कराया गया है।

पुलिस ने न केवल आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा, बल्कि महज 3 दिनों में कागजी कार्रवाई पूरी कर यह संदेश दिया है कि अपराधियों के लिए देवभूमि में कोई जगह नहीं है

 

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