दीक्षांत समारोहः एसआरएचयू में 1001 छात्र-छात्राओं को प्रदान की गई डिग्री
Convocation: 1001 students awarded degrees at SRHU

देहरादून,14 फरवरी 2026 : स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (एसआरएचयू), जॉलीग्रांट में विश्वविद्यालय का आठवां दीक्षांत समारोह संपन्न हुआ।
समारोह के मुख्य अतिथि केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री एवं रसायन एवं उर्वरक मंत्री जेपी नड्डा रहे।
कार्यक्रम में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अति विशिष्ट अतिथि तथा राज्य के शिक्षा एवं स्वास्थ्य मंत्री धन सिंह रावत विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
एसआरएचयू का आठवां दीक्षांत समारोह शिक्षा, संस्कृति और प्रेरणा का संगम बनकर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
एसआरएचयू के आठवें (अष्टम) दीक्षांत समारोह में अध्यक्ष डॉ. विजय धस्माना ने मुख्य अतिथि केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री एवं रसायन एवं उर्वरक मंत्री जेपी नड्डा को पुष्पगुच्छ, शॉल पहनाकर व स्मृति चिह्न भेंटकर स्वागत किया।
इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री व सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत, सांसद महेंद्र भट्ट, डोईवाला विधायक बृजभूषण गैरोला, कुलपति डॉ.राजेंद्र डोभाल, महानिदेशक (शैक्षणिक विकास) डॉ.विजेद्र चौहान, प्रति कुलपति अशोक देवराड़ी, डॉ.रेनू धस्माना सहित विश्वविद्यालय के बीओजी व एकेडमिक काउंसिल के सदस्य मौजूद रहे।
नई यात्रा का प्रारंभ : जेपी नड्डा
मुख्य अतिथि जेपी नड्डा ने कहा कि दीक्षांत समारोह केवल शैक्षणिक उपलब्धि नहीं, बल्कि जीवन की नई यात्रा का प्रारंभ है।
यहां से विद्यार्थी अपने ज्ञान, कौशल और संस्कारों के बल पर समाज, राज्य और राष्ट्र निर्माण में सहभागी बनते हैं। अमृतकाल के अगले 25 वर्ष विकसित भारत के निर्माण के निर्णायक वर्ष होंगे, जिनमें आज के युवा साक्षी ही नहीं, कर्ताधर्ता भी बनेंगे।
उन्होंने छात्रों से गरीब, वंचित और अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति के कल्याण के लिए कार्य करने का आह्वान किया। डॉ. विजय धस्माना के नेतृत्व में संस्थान मानव सेवा, चिकित्सा और शिक्षा के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है।
युवा शक्ति राज्य की ताकत : पुष्कर सिंह धामी
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड की युवा शक्ति राज्य की सबसे बड़ी ताकत है। एसआरएचयू ने शिक्षा और जनसेवा के क्षेत्र में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई है। उन्होंने विद्यार्थियों से राज्य और देश का नाम रोशन करने का आह्वान किया।
शिक्षा का उद्देश्य जिम्मेदार नागरिक बनाना : धन सिंह रावत
डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि शिक्षा केवल रोजगार का माध्यम नहीं, बल्कि जिम्मेदार नागरिक बनने की प्रक्रिया है। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने माता-पिता और गुरुजनों के प्रति कृतज्ञ रहने तथा समाज के प्रति उत्तरदायी बनने का संदेश दिया।
शिक्षा आत्मज्ञान का माध्यम : डॉ. विजय धस्माना
विश्वविद्यालय के अध्यक्ष डॉ. विजय धस्माना ने कहा कि शिक्षा आत्मज्ञान, सशक्तिकरण और परिवर्तन का माध्यम है। उन्होंने स्नातकों को बड़े लक्ष्य निर्धारित कर उन्हें परिश्रम से प्राप्त करने की प्रेरणा दी।
जीवनभर सीखते रहें : डॉ. राजेंद्र डोभाल
कुलपति डॉ. राजेंद्र डोभाल ने विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि जीवन में सीखने की प्रवृत्ति सदैव बनी रहनी चाहिए। जिज्ञासा और शोध की भावना ही व्यक्ति को आगे बढ़ाती है।
1001 छात्र-छात्राओं को मिली डिग्रियां
दीक्षांत समारोह में मेडिकल, एलाइड हेल्थ, नर्सिंग, मैनेजमेंट, इंजीनियरिंग, योग विज्ञान एवं बायो साइंसेज संकायों के 1001 छात्र-छात्राओं को डिग्रियां प्रदान की गईं।
-31 मेधावी छात्र-छात्राओं को अकादमिक अवॉर्ड
-02 छात्रों को ‘डॉ.स्वामी राम बेस्ट ग्रेजुएट अवॉर्ड’
-14 शोधार्थियों को पीएचडी उपाधि
डॉ.स्वामी राम बेस्ट ग्रेजुएट अवॉर्ड
आयुषी बेलवाल (बीएससी नर्सिंग-2021)
ईशान गुप्ता (एमबीबीएस-2019)
14 शोधार्थियों को पीएचडी
डॉ. गरिमा कपूर, डॉ. स्वाति तोमर, डॉ. अविनाश कुमार त्यागी, डॉ. मीनू परगाईं, डॉ. रुचिका दुग्गल, डॉ. इमोन चानू, डॉ. सुनैना शर्मा, डॉ. मोनिका खंकरवाल, डॉ. अंतरिक्ष बड़ाकोटी, डॉ. संदीप बडोनी, डॉ. हिमानी, डॉ. संगीता रावत, डॉ. रजत काला एवं डॉ. नवीन कुमार यादव को पीएचडी उपाधि से सम्मानित किया गया।
सीडीओई का ऑनलाइन शुभारंभ
दीक्षांत समारोह के अवसर पर विश्वविद्यालय में सेंटर फॉर डिस्टेंस एंड ऑनलाइन एजुकेशन (सीडीओई) द्वारा संचालित होने वाले स्नातक एवं स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों का विधिवत ऑनलाइन उद्घाटन एवम् शुभारंभ भी किया गया।
विश्वविद्यालय को नैक द्वारा ए प्लस ग्रेड प्राप्त होने के कारण सीडीओई के अंतर्गत संचालित पाठ्यक्रम यूजीसी से एंटाइटल्ड हैं, जिससे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं मान्यता प्राप्त ऑनलाइन शिक्षा का लाभ मिलेगा।
यूजीसी के प्रावधानों के अनुसार, यूजीसी-मान्यता प्राप्त ऑनलाइन पाठ्यक्रम शैक्षणिक, वैधानिक एवं अकादमिक दृष्टि से रेगुलर (परंपरागत) पाठ्यक्रमों के समकक्ष होते हैं।
शौर्य दीवार पर पुष्पांजलि
कार्यक्रम से पूर्व केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विश्वविद्यालय परिसर स्थित शौर्य दीवार पर परमवीर चक्र से सम्मानित वीर सैनिकों के चित्रों पर पुष्पांजलि अर्पित की। इसके बाद संस्थापक डॉ. स्वामी राम के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन कर समारोह का विधिवत शुभारंभ किया गया।
उत्तराखंड संस्कृति की झलक
समारोह में उत्तराखंड की समृद्ध लोकसंस्कृति की सुंदर झलक देखने को मिली। पारंपरिक वेशभूषा में सुसज्जित कलाकारों ने मांगल गीतों से अतिथियों का स्वागत किया। खान-पान में पारंपरिक पहाड़ी व्यंजनों को विशेष स्थान दिया गया, जिसे छात्र-छात्राओं एवं अभिभावकों ने खूब सराहा








