
देहरादून,4 फरवरी 2026 : ग्रामीण क्षेत्रों में कैंसर की समय पर पहचान एवं रोकथाम को सशक्त बनाने के उद्देश्य से ग्रामीण स्वास्थ्य प्रशिक्षण केंद्र (Rural Health Training Center), गढ़ी-श्यामपुर, ऋषिकेश में प्रशिक्षण सह जागरूकता सत्र का आयोजन किया गया।
यह कार्यक्रम हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (Himalayan Institute of Medical Sciences), स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (SRHU) के सामुदायिक चिकित्सा विभाग द्वारा डॉ. जयंती सेमवाल के दिशा-निर्देशन में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में विशेषज्ञ चिकित्सकों ने आम कैंसरों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की।
डॉ. शैली व्यास ने स्तन कैंसर (Breat Cancer) पर जानकारी साझा की
उन्होंने स्तन कैंसर के जोखिम कारकों (Risk Factor) के बारे में बताया
डॉ शैली ने इसके प्रारंभिक लक्षणों तथा स्व-स्तन परीक्षण को भी बताया
उन्होंने 40 वर्ष के बाद मैमोग्राफी की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।
आरएचटीसी प्रभारी डॉ. अभय श्रीवास्तव ने तंबाकू एवं शराब सेवन से होने वाले मुख कैंसर के दुष्परिणामों तथा शीघ्र जांच के महत्व को बताया।
वहीं डॉ. नेहा शर्मा ने गर्भाशय ग्रीवा कैंसर की रोकथाम में एचपीवी वैक्सीन, नियमित स्क्रीनिंग एवं पैप स्मीयर जांच की भूमिका को रेखांकित किया।
सत्र में आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, आशा फैसिलिटेटर, ग्राम प्रधान एवं मेडिकल इंटर्न्स सहित 50 से अधिक प्रतिभागियों ने सक्रिय सहभागिता की। अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।
कार्यक्रम के सफल संचालन में आशीष रंगड़ (प्रधान, गढ़ी मयचक), शबनम मल्होत्रा (प्रधान, खैरी- कलां), डॉ. राजेंद्र राणा, रीता भट्ट, आराधना, प्रदीप सकलानी, संजीत एवं हरि ओम का विशेष सहयोग रहा।
इसी क्रम में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी), डोईवाला में डॉ. सुरभि मिश्रा द्वारा तथा हिम्स जौलीग्रांट के शहरी स्वास्थ्य प्रशिक्षण केंद्र (यूएचटीसी), कुड़कावाला में डॉ. अवनी एवं डॉ. आंचल द्वारा कैंसर जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया,
जिसमें प्रतिभागियों को कैंसर से बचाव एवं समय पर जांच के प्रति जागरूक किया गया।






